नई दिल्ली टेस्ट क्रिकेट की शुरुआत इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया के बीच 1877 से मानी जाती है। लेकिन क्रिकेट का खेल उससे पहले से खेला जा रहा था और तब भी कुछ देशों की टीमें आपमें एक-दूसरे के घर पर आकर क्रिकेट खेला करती थीं। इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया के बीच 15 से 19 मार्च 1877 को खेले गए मैच को पहला टेस्ट मैच के रूप में पहचान मिली हो। लेकिन इन दोनों देशों की टीमें सालों पहले से एक-दूसरे के साथ क्रिकेट खेल रही थीं। ऐसे बनी 1882 में जब ऑस्ट्रेलिया की टीम इंग्लैंड के दौरे पर आई थी, तब ओवल मैदान पर होने वाले पहले टेस्ट मैच में इंग्लैंड की टीम आसानी से जीतता हुआ मैच हार गई। इंग्लैंड पहली बार अपनी धरती पर कोई टेस्ट मैच हारा था। तब इंग्लिश मीडिया ने इंग्लिश क्रिकेट पर अफसोस जताया और इसे इंग्लिश क्रिकेट की मौत करार दे दिया। पढ़ें: उस वक्त एक अखबार 'द स्पोर्ट्स टाइम्स' ने एक शोक संदेश छापा, जिसमें लिखा था- 'इंग्लिश क्रिकेट का देहांत हो चुका है। तारीख 29 अगस्त 1882, ओवल और अब इसके अंतिम संस्कार के बाद उसकी राख (Ashes) ऑस्ट्रेलिया ले जाई जाएगी। इसके बाद जब 1883 में इंग्लिश टीम ऑस्ट्रेलियाई दौरे पर रवाना हुई तो इसी लाइन को आगे बढ़ाते हुए इंग्लिश मीडिया ने एशेज (Ashes) को वापस लाने की बात रखी 'Quest to regain Ashes'(राख को वापस लाने की इच्छा)। इस दौरे पर इंग्लैंड की टीम ने 3 टेस्ट की सीरीज में 2-1 से जीत दर्ज की। पढ़ें: एशेज ट्रोफी में आखिर है क्या बाद में ऑस्ट्रेलिया स्टंप्स पर रखी जाने वाली बेल्स (गिल्लियों) को जलाकर राख बनाई गई और उसको एक Urn (राख रखने वाले बर्तन) में डाल कर इंग्लैंड के कप्तान को दिया गया। वहीं से परम्परा चली आई और आज भी Ashes की ट्रोफी उसी राख वाले बर्तन को ही माना जाता है और उसी की एक बड़ी ड्यूप्लिकेट ट्रोफी बना कर दिया जाता है। हालांकि कुछ लोग ऐसा भी मानते हैं कि तब गिल्लियों की राख नहीं बल्कि क्रिकेट बॉल को जलाकर जो राख बनी। उसे ही एशेज ट्रोफी में भरा गया। असल में एशेज ट्रोफी में क्या है इस पर जानकारों की राय एक नहीं है। बराबरी के करीब है इतिहासदोनों देशों के बीच यह 71वीं एशेज सीरीज खेली जा रही है। इन 71 सीरीज में से ऑस्ट्रेलिया इंग्लैंड से सिर्फ 1 सीरीज ज्यादा जीता है। हाल ही में वर्ल्ड कप जीती इंग्लैंड के पास अपने घर में यह इतिहास बराबरी पर लाने का सुनहरा मौका है। अभी तक ऑस्ट्रेलिया ने 33 और इंग्लैंड ने 32 सीरीज अपने नाम की हैं, जबकि 5 बार यह सीरीज बराबरी पर छूटी है। पिछली 5 सीरीज में इंग्लैंड का दबदबापिछली 5 एशेज सीरीज की बात करें, तो इंग्लैंड ने कंगारुओं पर अपना दबदबा बढ़ाया है। इन 5 में 3 बार इंग्लैंड ने सीरीज अपने नाम की है, जबकि 2 बार ऑस्ट्रेलिया ने। ऐसे में अपने घर में खेल रही इंग्लैंड के पास कुल सीरीज की संख्या को (33-33) से बराबरी पर लाने का मौका है। आज बर्मिंगम के मैदान पर जब दोनों टीमें उतरेंगी, तो दोनों के बीच खेला जाने वाला यह 347वां टेस्ट होगा और ऑस्ट्रेलियाई टीम इंग्लैंड की धरती पर 167वां मैच खेलने उतरेगी। दोनों टीमों को यह अहसास अच्छे से है कि उनके बीच खेले जाने वाली इस सीरीज का महत्व क्या है।
from Cricket News in Hindi, Cricket Updates, Live Scorecard, Schedules, Results, Teams and Points Table – Navbharat Times https://ift.tt/333rxX1






0 comments:
Post a Comment