पेसर जेम्स एंडरसन न्यूजीलैंड के उस दौरे पर नहीं गए थे लेकिन उन्होंने कहा कि जब आर्चर ने खुलासा किया कि इस दौरे पर दर्शकों ने उन पर नस्लीय टिप्पणियां की थीं तो उन्होंने आत्ममंथन किया।अमेरिका के एक पुलिसकर्मी द्वारा अफ्रीकी मूल के अमेरिकी जॉर्ज फ्लॉयड की मौत के बाद खेल समुदाय भी नस्लीय भेदभाव के खिलाफ वैश्विक अभियान में शामिल हो गया है। इंग्लैंड के पेसर जोफ्रा आर्चर ने बताया कि पिछले साल न्यूजीलैंड टूर के दौरान उन पर नस्लवादी कॉमेंट किए गए थे।
इंग्लैंड टीम से खेलने वाले 25 वर्षीय आर्चर का जन्म बारबाडोस में हुआ था। उन्हें ब्रिटिश सिटिजनशिप उनके पिता की वजह से मिली थी। उन्होंने पिछले साल ही इंग्लैंड से खेलते हुए इंटरनैशनल क्रिकेट में डेब्यू किया था।
एंडरसन ने आगे कहा, ‘इससे मैं सोचने के लिए मजबूर हो गया कि क्या मैंने इस तरह की बातों से नजरें चुरा ली थीं। अगर मेरे साथियों के साथ किसी भी तरह के दुर्व्यवहार होता है तो मुझे सक्रिय रूप से उनका समर्थन करना होगा।’
इस पर जेम्स एंडरसन ने क्रिकबज से कहा, ‘यह ऐसा मसला है जिस पर एक खिलाड़ी और एक खेल के तौर पर अधिक सक्रिय होने की जरूरत है। इससे मैंने सोचा कि क्या मैंने क्रिकेट मैदान पर नस्लवाद का अनुभव किया है। मुझे ऐसी कोई घटना याद नहीं है। मैं तब न्यूजीलैंड में नहीं था जब जोफ्रा पर नस्लवादी टिप्पणी की गई थी।’
from Cricket News in Hindi, Cricket Updates, Live Scorecard, Schedules, Results, Teams and Points Table – Navbharat Times https://ift.tt/3cX4CjS






0 comments:
Post a Comment