पुणेभारतीय स्पिनर रविचंद्रन अश्विन ने शनिवार को कहा कि साउथ अफ्रीका के वर्नोन फिलैंडर और केशव महाराज के बीच शतकीय साझेदारी के दौरान वह एक बार भी हताश नहीं हुए। उन्होंने कहा कि ऐसा इसलिए हुआ क्योंकि वह रिजर्व खिलाड़ियों में शामिल होने के बजाय टेस्ट मैच में दोबारा गेंदबाजी करने से खुश हैं। अश्विन ने पुणे टेस्ट मैच में साउथ अफ्रीका की पहली पारी के दौरान 28.4 ओवर में 69 रन देकर चार विकेट चटकाए। अश्विन टेस्ट क्रिकेट में अब भारत के पहली पसंद के स्पिनर नहीं हैं और जब उनसे साउथ अफ्रीका की 9वें विकेट की शतकीय साझेदारी के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा, ‘मैं हताश नहीं होता और हताश होना भी नहीं चाहता क्योंकि मैं दोबारा गेंदबाजी करने से खुश हूं। कोई भी बल्लेबाज होगा, मैं उन्हें गेंदबाजी करके खुश हूं।’ पढ़ें, उन्होंने फिलैंडर और महाराज के बीच 9वे विकेट के लिए 109 रन की पार्टनरशिप की तारीफ की। भारतीय ऑफ स्पिनर ने कहा, ‘मुझे लगता है कि पुछल्ले बल्लेबाजों को लेकर जो मिथक है, उसे बढ़ा चढ़ाकर बताया जाता है क्योंकि जब कोई अच्छी बल्लेबाजी करता है तो वह अच्छी बल्लेबाजी करता है। अब कोई भी बल्ले से इतना कमजोर नहीं है। हमारी टीम में भी लगभग हर कोई 11वें नंबर तक बल्लेबाजी करता है।’ 33 वर्षीय अश्विन ने कहा, ‘जैसा कि मैंने कहा, यह अच्छी पिच है और फिलैंडर ने अच्छी बल्लेबाजी की। उनकी स्पिन और तेज गेंदबाजी के खिलाफ रक्षात्मक तकनीक बेहतरीन थी।’
from Cricket News in Hindi, Cricket Updates, Live Scorecard, Schedules, Results, Teams and Points Table – Navbharat Times https://ift.tt/2VCukD6






0 comments:
Post a Comment